गोड्डा, जनवरी 2 -- गोड्डा। जिले में सरकारी धान खरीद केंद्रों पर ऑन स्पॉट भुगतान का दावा जमीनी स्तर पर फेल होता नजर आ रहा है। हालात यह हैं कि कई किसानों को धान बेचने के एक सप्ताह तक भी भुगतान नहीं मिला, जिससे किसानों में गहरी नाराजगी और असंतोष व्याप्त है। धान बेचने पहुंचे किसानों ने बताया कि सरकार द्वारा तय न्यूनतम समर्थन मूल्य 2450 रुपये प्रति किलो होने के बावजूद भुगतान में हो रही देरी के कारण उन्हें मजबूरी में 16 से 18 रुपये प्रति किलो की दर से निजी व्यापारियों को धान बेचना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि उन्हें तत्काल नकदी की आवश्यकता होती है, लेकिन सरकारी व्यवस्था में भुगतान की कोई निश्चित समय-सीमा नहीं बताई जा रही। खरीद केंद्रों पर धान की एंट्री तो की जा रही है, परंतु भुगतान की स्थिति कई मामलों में अब भी लंबित है। किसानों के अनुसार ...