जयपुर, जुलाई 25 -- देशभर में पेपर लीक और प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर लंबे समय से चल रहे छात्र आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाओं का दौर तेज हो गया है। कांग्रेस समेत विपक्षी दलों ने इसे छात्रों के संघर्ष और लोकतंत्र की जीत बताया है। राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस महासचिव सचिन पायलट और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के संयोजक हनुमान बेनीवाल ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि यह फैसला छात्रों के दबाव और जनआंदोलन का परिणाम है। देशभर में NEET समेत विभिन्न भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं में पेपर लीक और गड़बड़ियों के आरोपों को लेकर छात्रों ने लगातार प्रदर्शन किए। कई राज्यों में धरने, रैलियां और विरोध मार्च निकाले गए। इन आंदोलनों के बीच धर्...