नई दिल्ली, जनवरी 1 -- दिल्ली हाईकोर्ट ने पीएमएलए के तहत दर्ज एक मामले में महिला आरोपी को जमानत दे दी। अदालत ने कहा कि जिस महिला को ईडी ने गिरफ्तार किया, उसके खिलाफ पुलिस ने आरोपपत्र दाखिल नहीं किया है और न ही मजिस्ट्रेट द्वारा समन किया गया है। न्यायमूर्ति स्वर्णा कांता शर्मा की पीठ अपने ने आदेश में कहा कि रिकॉर्ड से स्पष्ट है कि पुलिस जांच में आवेदिका दोषी नहीं है। निजी शिकायत की कार्यवाही में भी मजिस्ट्रेट ने उसके खिलाफ कोई प्रथम दृष्टया मामला नहीं माना। मामला आवेदिका संदीपा विर्क को अगस्त, 2025 में प्रवर्तन निदेशालय ने शिकायत के तहत गिरफ्तार किया था। यह शिकायत कथित मूल अपराध के लगभग नौ साल बाद दर्ज की गई थी। मूल अपराध 2016 में दर्ज एक प्राथमिकी से जुड़ा है, जिसमें शिकायतकर्ता को फिल्म में मुख्य अभिनेत्री बनाने के आश्वासन पर निवेश कराए ज...