मेरठ, मार्च 29 -- धनपुर गांव में हुई बीएसएफ के जवान नैन सिंह की हत्या के मामले में पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लगा है। रविवार दोपहर पोस्टमार्टम के बाद जवान का शव घर पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया। इसके बाद गांव के श्मशान में जवान के शव का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। धनपुर गांव निवासी 36 वर्षीय नैन सिंह बीएसएफ में सिपाही के पद पर आसाम में तैनात थे। विवाद के चलते उनकी पत्नी कोमल पिछले दो साल से मेरठ में अपने परिजनों के साथ रह रही है। जबकि दो बच्चे आयुश और यशिका नैन सिंह के पास रहते थे। नैन सिंह छह मार्च को छुट्टी लेकर घर आए थे और एक अप्रैल को ड्यूटी पर जाने वाले थे। इस दौरान करीब एक हफ्ते पूर्व वह अपने दोनों बच्चों को उनके नाना के पास छोड़कर आए थे।शनिवार की दोपहर नैन सिंह का गोली लगा शव उनके कमरे में चारपाई पर पड़ा म...