फतेहपुर, जून 16 -- अमौली। दपसौरा गांव में जल निगम की लापरवाही के कारण करीब सात हजार की आबादी पिछले दो वर्षों से बूंद-बूंद पानी को तरस रही है। ग्रामीणों को पेयजल उपलब्ध कराने के लिए बनाई गई पानी की टंकी और नलकूप दो साल से बंद हैं, जिसके चलते अब नलकूप परिसर का इस्तेमाल कबाड़ रखने के लिए हो रहा है। गांव के 80 प्रतिशत सरकारी हैंडपंपों पर लोगों ने निजी मोटरें लगा ली हैं, जिससे आम ग्रामीणों के सामने संकट और गहरा गया है। मजबूरन बड़ी संख्या में ग्रामीण यमुना नदी का पानी पीने को मजबूर हैं। हालांकि, जल निगम के जेई ने ठेकेदार के माध्यम से क्षतिग्रस्त पाइपलाइन को जल्द दुरुस्त करवाकर जलापूर्ति बहाल करने का दावा किया है। पेयजल योजना के तहत निर्मित पानी की टंकी से जुड़े नलकूप के खराब हो जाने के बाद इसकी भूमि और कोठरी का उपयोग ग्रामीणों द्वारा भंडारण स्थ...