इटावा औरैया, अप्रैल 19 -- भरथना। नगर की सिंधी कॉलोनी निवासी सुनील गनवानी ने अपने निधन के बाद भी मानवता की ऐसी मिसाल पेश की, जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। 23 मार्च को रायपुर छतीसगढ़ में हुई एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें एम्स छत्तीसगढ़ में भर्ती कराया गया था। सिर में गहरी चोट के कारण उनकी हालत लगातार नाजुक बनी रही और कुछ दिनों बाद उनका मस्तिष्क काम करना बंद कर गया। वे कई दिनों तक लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर रहे। इस कठिन घड़ी में भी परिवार ने साहस और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए अंगदान का फैसला लिया। यह भी पढ़ें- रक्तदान शूद्रोचित सेवा की श्रेणी में आता है : सुनील आनन्द डॉक्टरों की सलाह पर उनकी दोनों किडनी दान की गईं, जिससे एक 24 वर्षीय युवक और 35 वर्षीय महिला जो लंबे समय से डायलिसिस पर निर्भर थे को नई जिंदगी मिल सकी।...