कानपुर, दिसम्बर 14 -- कानपुर। शकुंतला शक्ति पीठ विकास नगर में आयोजित 42वें लक्ष्मी नारायण महायज्ञ की रविवार को पूर्णाहुति हुई। इस दौरान मृत्युंजय यज्ञ और मृत संजीवनी यज्ञ भी कराया गया। देश विदेश से आए भक्तों ने राष्ट्र कल्याण की कामना के लिए 1600 नारियल के गोलों की आहुतियां दीं। पीठ के संस्थापक डॉ. आचार्य अमरेश मिश्र और डॉ. सुनीता मिश्रा के साथ हजारों श्रद्धालुओं ने कमलगट्टा, मखाना, बेल, गिलोय, मिश्री, जायफल, काली मिर्च, इलाइची, तुलसी की लकड़ी आदि द्रव्यों से भरे हुए 1600 नारियल के गोलों की आहुतियां डालीं। जर्मनी, लंदन, जैसलमेर, दिल्ली, नोएडा, भोपाल, इंदौर, पटना, लखनऊ से आए भक्तों ने यज्ञ में आहुति देकर राष्ट्र के कल्याण की कामना की। आचार्य अमरेश मिश्र ने कहा कि जीवन में यज्ञ का बहुत महत्व है क्योंकि यह शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक शुद्ध...