नई दिल्ली, अगस्त 14 -- मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस की पूर्व संध्या पर देश के विभाजन के दौरान जान गंवाने वाले लोगों को नमन किया। उन्होंने कहा कि देश के विभाजन का दर्द और उससे जुड़ी पीड़ा को कभी भुलाया नहीं जा सकता। मुख्यमंत्री ने विभाजन को इतिहास का काला अध्याय बताते हुए कहा कि इसके दौरान लाखों लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी और बड़ी संख्या में परिवारों को विस्थापन का दर्द झेलना पड़ा। उन्होंने कहा कि विभाजन का असर केवल तत्कालीन समय तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसकी पीड़ा कई परिवारों की पीढ़ियों तक बनी रही।आजादी के साथ मिला विभाजन का दर्द मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि 15 अगस्त 1947 को देश आजादी का जश्न मना रहा था, लेकिन इसी दौर में भारत के विभाजन की पीड़ा भी देशवासियों को सहनी पड़ी। उन्होंने कहा कि विभाजन की घटना भारत...