रांची, अप्रैल 2 -- रांची, संवाददाता। देवघर के चर्चित आलोक कुमार हत्याकांड मामले में गुरुवार को झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस अनुभा रावत चौधरी की अदालत में मृणाल रुद्रा की जमानत याचिका पर सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान स्थिति को देखते हुए याचिकाकर्ता के वकील ने अदालत से याचिका वापस लेने का अनुरोध किया, जिसे स्वीकार करते हुए अदालत ने इसे वापस लेने के आधार पर खारिज कर दी। इससे पूर्व मृतक के बड़े भाई और सूचक आशुतोष कुमार की ओर से सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता शिशिर राज ने अदालत में पक्ष रखा। उन्होंने अदालत को घटना की गंभीरता से अवगत कराया था। कोर्ट में पक्ष रखते हुए बताया गया कि यह सिर्फ एक दुर्घटना नहीं थी, बल्कि आरोपियों की लापरवाही ने इसे और गंभीर बना दिया। टक्कर लगने के बाद आलोक काफी देर तक तड़पते रहा। मौके पर मौजूद लोगों और आरोपियों ने जख्मी आलोक क...