बोकारो, मई 16 -- बेरमो। ज्येष्ठ अमावस्या को सौभाग्य की कामना से किया जाने वाला सुहागिनों का प्रसिद्ध त्योहार वट-सावित्री व्रत मुख्य रूप से आज शनिवार को मनाया जा रहा है। बरसात के पहले आयोजित होने के कारण यह बरसाती पूजा के नाम से भी बिहार-झारखण्ड में प्रसिद्ध है। यह एक ऐसा व्रत है जिसमें सुहागिन महिलाएं व्रत-उपवास करते हुए सती सावित्री-सत्यवान की पौराणिक कथा सुनती हैं और वट वृक्ष की पूजा करती हैं और वट वृक्ष को रक्षा सूत्र बांधती हुए सात परिक्रमा करती हैं। साथ ही अपने पति की दीर्घायु की कामना करती हैं। यह भी पढ़ें- Vat Savitri 2026 Mantra: बरगद के पेड़ की परिक्रमा करते समय पढ़ें ये 3 मंत्र, मिलेगा अखंड सौभाग्य का आशीर्वादबरगद की पूजा की धार्मिक परंपरा का है विज्ञान से जुड़ाव प्रकृति में नदी, पहाड़ और वृक्ष हमारे लिए जीवनोपयोगी हैं। यही कारण...