गोरखपुर, जून 24 -- बांसगांव, हिन्दुस्तान संवाद। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बांसगांव पर डॉक्टर और कर्मचारियों भवन जर्जर हो चुके हैं। यहां रहना इनकी मजबूरी बनी हुई है। कुछ कर्मचारी तो बाहर किराए के मकान में रहकर मरीज को उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सुविधा प्रदान करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन सीएससी परिसर स्थित जर्जर भवन में हॉस्पिटल के डॉक्टर और फार्मासिस्ट एवं अन्य स्टाफ रात रुक कर इमरजेंसी ड्यूटी करते हैं। जर्जर भवन की वजह से कभी भी दुर्घटना हो सकती है। सीएचसी पर तैनात सीएमएस डाक्टर कृष्ण मोहन अग्रवाल ने बताया कि हास्पिटल के कर्मचारी आवास व डाक्टर आवास जर्जर है। जिसकी लिखित सुचना सीएमओ कार्यालय और शासन में पिछले तीन साल से भेज रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई सुधि नहीं ली गई है। स्थिति जस की तस बनी हुई है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस ...