कोपेनहेगन, अक्टूबर 1 -- दुनिया में युद्ध के तरीके अब बदलते जा रहे हैं। कभी तोप, बंदूक और टैंकों से जो जंग हुआ करती थी, उसमें ड्रोन वारफेयर ने जगह ले ली है। ईरान, रूस और तुर्की जैसे देशों ने ड्रोन्स के मामले में बढ़त हासिल की है। रूस ने तो यूक्रेन से जंग में पारंपरिक हथियारों के मुकाबले ड्रोन से ज्यादा सफलता हासिल की। अहम बात यह है कि ड्रोन वारफेयर में लागत कम है और टारगेट पर सीधा हमला करके सफलता पाने की संभावनाएं अधिक हैं। वहीं इसे लेकर होने वाले नुकसान की चिंताएं भी बढ़ गई है। यूरोप में तो ड्रोन्स को लेकर खौफ का आलम है। यूरोपियन यूनियन ने इसे लेकर आज एक मीटिंग डेनमार्क में बुलाई है, जिसमें 'ड्रोन वॉल' बनाने को लेकर बात की जाएगी। दरअसल यूरोपियन यूनियन की चिंता की बात यह है कि कुछ दिनों पहले ही रूसी ड्रोन पोलैंड के आसमान में देखे गए थे। पो...
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