बरेली, फरवरी 25 -- दुकानों के किराया निर्धारण को लेकर नगर निगम में सियासी और प्रशासनिक खींचतान तेज हो गई है। एक ओर कुछ पार्षद किराया दरों में कटौती कर व्यापारियों को राहत देने की मांग पर अड़े हैं, तो दूसरी ओर अधिकारी मामला इलाहाबाद उच्च न्यायालय में लंबित होने का हवाला देकर किसी भी बदलाव से साफ इंकार कर रहे हैं। ऐसे में किराया नीति पर टकराव अब खुलकर सामने आ गया है और फैसला न्यायालय की दिशा पर टिका है। नगर निगम दुकानों के नामांतरण और किराया निर्धारण को लेकर कुछ पार्षदों और अधिकारियों के बीच मतभेद खुलकर सामने आ गए हैं। पार्षदों का एक धड़ा दरें कम करने पर लगे तो दूसरे पार्षदों ने मामले को उच्च न्यायालय तक ले गए हैं। आठ सदस्यीय कमेटी की बैठक में जहां पार्षदों ने किराया दरों में कमी की मांग उठाई, वहीं अधिकारियों ने मामला इलाहाबाद उच्च न्यायालय...
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