नई दिल्ली, जुलाई 10 -- नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल यानी एनजीटी ने दिल्ली के ग्राउंडवाटर में यूरेनियम की मात्रा को लेकर आई एक रिपोर्ट पर सख्त रुख अपनाया है। एनजीटी ने मामले में सुनवाई का दायरा बढ़ाते हुए दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी) और दिल्ली सरकार को प्रतिवादी के तौर पर शामिल करने का निर्देश दिया है। दरअसल, एक रिपोर्ट में दावा किया गया था कि दिल्ली में 13 से 15 प्रतिशत ग्राउंडवाटर सैंपल में यूरेनियम की मात्रा तय सीमा से अधिक पाई गई थी। एनजीटी के चेयरपर्सन जस्टिस प्रकाश श्रीवास्तव और एक्सपर्ट मेंबर अफरोज अहमद की बेंच ने रजिस्ट्री को निर्देश दिया कि वे नए जोड़े गए प्रतिवादियों को नोटिस जारी करें। ट्रिब्यूनल ने आदेश में कहा है कि दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति को उसके मेंबर सेक्रेटरी के माध्यम से जबकि दिल्ली सरकार उसके प्रधान सचिव पर्य...