लखनऊ, अप्रैल 6 -- UP News: केजीएमयू प्रशासन की सख्ती के बावजूद डॉक्टर मरीजों को धड़ाधड़ बाजार की दवा लिख रहे हैं। यहां नेत्र रोग विभाग में आयुष्मान योजना के मरीज को मोतियाबिंद के ऑपरेशन से पहले बाहर की दवाएं और लेंस आदि लिख दिया। आरोप है कि मरीज पर निजी मेडिकल स्टोर के नाम की पर्ची से लेंस, दवा आदि खरीदने का दबाव डाला गया। मर्ज दायीं आंख में था। बायीं आंख के ऑपरेशन की जांच की। ऐसे में घबराए मरीज ने दूसरे अस्पताल में ऑपरेशन कराने का फैसला किया है। काकोरी स्थित जेहटा निवासी गीता कश्यप (57) के दाहिने आंख में मोतियाबिंद की शिकायत है। पति गणेश चंद्र कश्यप का कहना है कि 17 मार्च को पत्नी को बलरामपुर अस्पताल के नेत्र रोग विभाग दिखाया था। डॉक्टरों ने केजीएमयू से आंख का अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी। 20 मार्च को केजीएमयू के नेत्र रोग विभाग की ओपीड...