सोनभद्र, अप्रैल 21 -- म्योरपुर, हिंदुस्तान संवाद। दक्षिणांचल के ग्रामीण जीवन शैली, पर्यावरण, जैविक खेती, पंचायत, मनरेगा को लेकर अध्ययन के लिए वाराणसी एनिवेशंट कॉलेज से चार दिवसीय दौरे पर आए छात्रों का दल मंगलवार को वापस लौट गया। दौरे के अंतिम दिन छात्रों ने बनवासी सेवा आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में अपना अनुभव रखा और ग्रामीण जीवन को सुकून की जिंदगी बताया। छात्र सृजन माहुल, सिद्धार्थ, शिक्षिका प्रभा तान्या, केशव, कनिका, साधना आदि ने कहा कि किताबों में और असल जिंदगी में ग्रामीण जीवन आज भी अतुलनीय है। लोग कम पैसे और मेहनत से सुकून की जिंदगी जीते हैं। छात्रों ने सोनांचल को भारत का खूबसूरत और खनिज संपदा वाला जगह बताते हुए कहा कि विकास के मनमानी दौड़ से पर्यावरण के साथ मानव जीवन को ज्यादा नुकसान पहुंचाया है। यह भी पढ़ें- गुमला के बिशुनपुर स्थित ...
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