नई दिल्ली, दिसम्बर 9 -- प्रभात कुमार नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि 'थाने में समय-समय पर हाजिरी लगाने की शर्त का पालन नहीं करने के आधार पर आरोपी की जमानत को रद्द नहीं किया जा सकता है।' शीर्ष अदालत ने मादक पदार्थ की तस्करी के मामले में विशेष अदालत से मिली जमानत को उच्च न्यायालय द्वारा रद्द किए जाने के फैसले को पलटते हुए यह टिप्पणी की है। जस्टिस जेके माहेश्वरी और विजय विश्नोई की पीठ ने हाल ही में पारित अपने फैसले में कहा है कि 'महज इसलिए ज‌मानत रद्द नहीं की जा सकती क्योंकि कोई आरोपी समय-समय पर थाने में हाजिरी नहीं लगाता, खासकर तब जब मामले की जांच पूरी हो गई हो और आरोप तय होने के बाद मुकदमा का ट्रायल शुरू हो गया हो।' पीठ ने बॉम्बे उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ आरोपी शेख इरशाद उर्फ मोनू की विशेष अनुमति याचिका (एस...