मिर्जापुर, जनवरी 13 -- मिर्जापुर,संवादाता। उत्तर प्रदेश बार काउंसिल द्वारा अधिवक्ताओं को जारी किए गए सर्टिफिकेट ऑफ प्रैक्टिस (सीओपी) में व्याप्त त्रुटियों को लेकर अधिवक्ताओं ने रोष जताया है। अधिवक्ता अमित जायसवाल ने बार काउंसिल के अध्यक्ष एवं सचिव को पत्र लिखकर विभाग की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए हैं। साथ ही आर्थिक क्षतिपूर्ति की मांग की है। अधिवक्ता का आरोप है कि प्रदेश के हजारों अधिवक्ताओं ने वर्ष 2023 में नवीनीकरण के लिए आवेदन किया था। लगभग ढाई वर्ष के लंबे इंतजार के बाद सर्टिफिकेट भेजे जा रहे हैं। नए सर्टिफिकेट्स में अधिवक्ताओं के नाम, पता और बार एसोसिएशन के विवरण गलत अंकित है। जिसकी वजह से बहुतेरे अधिवक्ताओं को प्रमाण पत्र प्राप्त नहीं हुए। हद तो तब हो गई जब महिला अधिवक्ताओं के कार्ड पर पुरुषों की फोटो चस्पा कर दी गई। बार काउंसिल ...