जमशेदपुर, दिसम्बर 13 -- जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू ने झारखंड विधानसभा के शून्य काल में तेली समाज, प्रजापति समुदाय और पंचायतों से जुड़े अहम मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया। उन्होंने कहा कि तेली समाज का पारंपरिक पेशा है घानी से सरसों तेल निकालना। आज यह समाप्ति के कगार पर है। आधुनिक तकनीक और संसाधनों की कमी के कारण यह परंपरागत कौशल जीविका का आधार नहीं रह गया है। इस संकट को देखते हुए उन्होंने तेल व्यवसाय घानी बोर्ड के गठन की मांग की। विधायक ने इसके अलावा माटी कला बोर्ड को फिर से सक्रिय करने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि यह बोर्ड पूर्ववर्ती भाजपा सरकार में बनाया गया था, लेकिन वर्षों से निष्क्रिय होने के कारण प्रजापति समाज इससे वंचित हो गया है। बोर्ड के पुनर्गठन से कुम्हारों को प्रशिक्षण, विपणन और आर्थिक सहायता उपलब्ध हो सके...