पटना, अक्टूबर 11 -- बिहार में राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता तेजस्वी यादव के कई भूमिहार नेताओं पर दांव लगाने से राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) में खलबली मच गई है। भूमिहार वोट आम तौर पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के साथ चलता है, लेकिन विपक्ष में भूमिहार नेताओं की बढ़ती भीड़ से जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) भी दबाव में है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जहानाबाद के पूर्व सांसद अरुण कुमार को दोबारा जेडीयू में बुलाया है। अरुण पटना में अपने बेटे ऋतुराज के साथ जदयू में तीसरी पारी शुरू करेंगे। अरुण समता पार्टी में नीतीश के साथ थे। अलग हुए तो 2010 में दोबारा जेडीयू लौटे। फिर निकले तो 15 साल बाद दूसरी घर वापसी कर रहे हैं। अरुण कुमार मगध इलाके के बड़े नेता हैं और भूमिहार समाज के लोगों पर प्रभाव रखते हैं। यह वही इलाका हैं, जहां 2020 के चुनाव में ए...
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