प्रयागराज, जुलाई 23 -- Allahabad Highcourt: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पशुपालन विभाग के कर्मचारियों के वेतनमान से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में राज्य सरकार की विशेष अपील खारिज करते हुए कहा है कि एक बार दो पदों का विलय कर उन्हें एक ही संवर्ग (कैडर) में शामिल कर दिया जाए, तो पूर्व पदनाम के आधार पर अलग-अलग वेतनमान देना संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का उल्लंघन है। अदालत ने राज्य सरकार को निर्देश दिया कि संबंधित कर्मचारियों को एक जनवरी 1986 से 1350-2200 रुपये का वेतनमान सभी परिणामी लाभों सहित दिया जाए और तीन माह के भीतर आदेश का पालन किया जाए। न्यायमूर्ति सौमित्र दयाल सिंह और न्यायमूर्ति स्वरूपमा चतुर्वेदी की खंडपीठ ने यह आदेश राज्य सरकार की उस विशेष अपील पर दिया है जिसमें 24 जुलाई 2019 को एकलपीठ द्वारा दिए गए आदेश को चुनौती दी गई थी। यह भी पढ़ें- वकी...