समस्तीपुर, जनवरी 20 -- उजियारपुर। सरकारी अस्पताल से महज एक किलोमीटर की दूरी पर भारी मात्रा में सरकारी दवाईयां फेंकी मिली। दवाओं पर नॉट फॉर सेल अंकित था, जिससे इनके सरकारी होने की पुष्टि होती है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आखिर इन दवाओं को इस तरह क्यों फेंका गया। इसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग में दी गई। बावजूद विभाग की ओर से इसके संबंध में कोई स्पष्ट बात नहीं बतायी गयी। मंगलवार की सुबह एकसिल्ला गांव स्थित वार्ड 10 में फेंका हुआ पाया गया। ग्रामीण डाक्टरों की माने तो दवाइयों में आंख की बीमारियों में काम आने वाली दवाई सीफरो फ्लोक्सासीलिन ड्रॉप, नाक के बीमारी में उपयोग होने बाला ड्रॉप जेलोमेटाजोलीन, विभिन्न बीमारियों में काम आने बाली एंटीबायोटिक इंजेक्शन सेफ्टरियाजॉन के अलावा खुजली की दवाई फ्लूकोनाजौल टेबलेट सहित दर्जनों दवाइयां फेका हुआ था। इधर...