मधेपुरा, जुलाई 16 -- ग्वालपाड़ा, निज प्रतिनिधि। मौसम की मार से खरीफ फसलों में खास कर धान की खेती का दायरा सिमटने की आशंका जतायी जा रही है। प्रखंड क्षेत्र में धान की रोपनी शुरू हो गयी है। बारिश के अभाव में किसान पंपसेट के सहारे रोपनी करने को विवश हैं। किसानों को उम्मीद है कि आसमान में उमड़ते काले बादल पानी की बूंदों की शक्ल में जमीन पर जरूर उतरेगा। लेकिन हवा के थपेड़ों के साथ बादल अठखेलियां करती हुई दूर निकल जाती है। किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए रह जाते हैं। बादलों की लुकाछिपी से किसानों की उम्मीदें टूटने लगी है। किसानों का मानना है कि अगर इसी तरह मौसम दगा देता रहा तो खेतों की प्यास बुझाना बूते से बाहर की बात हो जाएगी। यह भी पढ़ें- Kodarma News: कमजोर मानसून ने बढ़ायी किसानेां की चिंता, नहीं शुरू हो पाया रोपा अभी तो महज शुरुआत है। पौधों को पौ...