लखनऊ, मई 31 -- केजीएमयू रेस्पिरेटरी मेडिसिन के विभागाध्यक्ष डॉ.सूर्यकान्त ने रविवार को विश्व तम्बाकू निषेध दिवस पर बताया कि तम्बाकू के धुएं से 7000 हानिकारक रसायनिक पदार्थ निकलते हैं। इनमें निकोटीन और टार प्रमुख हैं। इसके धुएं में करीब 150 ऐसे तत्व पाये जाते हैं। इससे 40 तरह के कैंसर हो सकते हैं। बीड़ी, सिगरेट व तम्बाकू से कैंसर के अतिरिक्त 25 तरह की अन्य बीमारियां भी हो सकती हैं। बीड़ी या सिगरेट का धुआं उसको पीने वाले के फेफड़े में 30 प्रतिशत जाता है। आस-पास के वातावरण में 70 प्रतिशत रह जाता है। इससे परिवार एवं अन्य लोग भी प्रभावित होते हैं। इसे परोक्ष धूम्रपान कहते हैं। इस परोक्ष धूम्रपान से यदि गर्भवती महिला प्रभावित होती है, तो उसके गर्भ में पल रहे शिशु का विकास रुकने समेत अन्य जोखिम हो सकते हैं। यह भी पढ़ें- शराब से भी ज्यादा खतरनाक है...