मुंगेर, अप्रैल 9 -- तारापुर निज संवाददाता। मुंगेर जिले के असरगंज स्थित ऐतिहासिक ढोल पहाड़ी को इको टूरिज्म केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए बिहार सरकार ने 1249.45 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान की है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि, इस परियोजना का उद्देश्य ढोल पहाड़ी को पर्यटन, धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों के समग्र केंद्र के रूप में स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि, स्वतंत्रता संग्राम के दौरान यह स्थान क्रांतिकारियों का गुप्त केन्द्र रहा है, जहां से वे अंग्रेजों के खिलाफ रणनीति बनाते थे। ढोल बजाकर संदेश देने की परंपरा के कारण ही इसका नाम ढोल पहाड़ी पड़ा। यहां स्थित बाबा मौनीनाथ मंदिर और प्राचीन गुफाएं इसकी ऐतिहासिक और धार्मिक पहचान को और मजबूत करती हैं। परियोजना के तहत यहां बैंक्वेट हॉल, पब्लिक टॉयलेट, हाट-बाजार, क्राफ्...