भभुआ, अप्रैल 4 -- बोले वैज्ञानिक, ढैचा की खेती से भूमि में 50% नाइट्रोजन की कमी होगी दूर मिट्टी स्वस्थ होगी तो उत्पादन बढ़ेगा और लागत खर्च में भी कमी आएगी (पेज चार जगहर मिलने पर) भभुआ, कार्यालय संवाददाता। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक ढैचा की खेती कराने के लिए किसानों को जागरूक कर रहे हैं। वह किसानों को समझा रहे हैं कि इसकी खेती से खेत की भूमि में पोषक तत्व बढ़ेंगे, जिससे फसल उत्पादन में वृद्धि होगी और 50 प्रतिशत नाइट्रोजन की कमी दूर होगी तथा मिट्टी भी स्वस्थ होगी। इससे फसल में यूरिया का छिड़काव 50 प्रतिशत कम करना पड़ेगा, जिससे खेती पर लागत में कमी आएगी। इसकी जानकारी कृषि वैज्ञानिक डॉ. अमित कुमार सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि पंजाब ढैचा वन बीज बेहतर होता है। उर्वरता एवं उत्पादकता बढ़ाने में हरी खाद का प्रयोग अति प्राचीन काल से होते आ रहा है...