नई दिल्ली, मई 18 -- अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये की हालत बद से बदतर होती जा रही है। भारतीय रुपया सोमवार (18 मई) को 20 पैसे टूटकर 96.17 प्रति डॉलर के नए ऑल-टाइम लो पर खुला। साल 2026 में अब तक भारतीय रुपया एशिया की सबसे कमजोर करेंसी बन चुका है। 28 फरवरी से शुरू हुए ईरान युद्ध के बाद से यह लगभग 5.5% गिर चुका है। सोमवार को लगातार पांचवें कारोबारी सत्र में रुपया नए सबसे निचले स्तर पर पहुंचा। ईरान युद्ध के चलते बढ़ी कच्चे तेल की कीमतों ने वैश्विक बाजारों पर दबाव बढ़ा दिया है और निवेशकों का जोखिम के प्रति रुझान कमजोर हो गया है।इंडोनेशियाई रुपिया भी ऑल-टाइम लो पर तेल की कीमतों में बढ़ोतरी और दो दिन की छुट्टी के बाद स्थानीय बाजार खुलते ही इंडोनेशियाई रुपिया अपने सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया। सोमवार को रुपिया 0.9% टूटकर 17,630 प्रति डॉलर पर बंद हु...