अलीगढ़, अप्रैल 10 -- (विश्व होम्योपैथी दिवस) अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। जिले में होम्योपैथिक चिकित्सा व्यवस्था स्टाफ की कमी से जूझ रही है। 15 राजकीय होम्योपैथिक अस्पतालों में से चार में डॉक्टर और नौ में फार्मासिस्ट के पद रिक्त होने से मरीजों को नियमित सेवाएं नहीं मिल पा रहीं। हालात ऐसे हैं कि 11 अस्पतालों में तैनात डॉक्टरों को सप्ताह में तीन-तीन दिन उन अस्पतालों में भी ड्यूटी देनी पड़ रही है, जहां डॉक्टर नहीं हैं। हैरानी की बात यह है कि जिला होम्योपैथिक अधिकारी (डीएचओ) पद पर दो साल से स्थायी नियुक्ति नहीं हो सकी। वरिष्ठ होम्योपैथिक अधिकारी डीएचओ की जिम्मेदारी निभाने के साथ मरीजों को भी देख रहे हैं।होम्योपैथिक अस्पताल में एक डॉक्टर, एक फार्मासिस्ट, एक वार्ड ब्वॉय और एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की व्यवस्था निर्धारित है, लेकिन जमीनी स्थिति इससे...