गंगापार, फरवरी 25 -- हंडिया स्थित लाल बहादुर शास्त्री राजकीय आयुर्वेद महाविद्यालय व अस्पताल की स्थिति दिन प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है। देखा जाए तो यहां पर चिकित्सकों की संख्या की तो पूरी है किंतु उपचार के नाम पर दवा उपलब्ध नहीं है। मजे की बात तो यह है कि इस आयुर्वेद महाविद्यालय में लगभग डेढ़ वर्षो से शासन की तरफ से कोई भी दवा नहीं भेजी गई। आयुर्वेद इलाज कराने आने वाले रोगी महंगे दामों पर अस्पताल के बाहर खुले मेडिकल स्टरों पर दवा लेने को मजबूर हैं। मरीज सोनू केसरवानी तथा साहब चौरसिया ने बताया यदि आयुर्वेद का कोई भी सिरप डॉक्टर लिख देते हैं तो उसे प्राप्त करने के पहले पांच रुपये जमा करना पड़ेगा फिर मरीज को ओपीडी में घंटे भर के लिए भर्ती होना पड़ेगा तभी सिरप मिल सकता है। अस्पताल के इस व्यवस्था से रोगियों में आक्रोश है। इतना ही नहीं काउंटर से ...
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