जमशेदपुर, जनवरी 31 -- शिक्षकों के व्यावसायिक विकास को सुदृढ़ करने तथा शिक्षण पद्धतियों में नवाचार और आत्मचिंतन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से डीबीएमएस कॉलेज ऑफ एजुकेशन द्वारा एक दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का आयोजन किया गया। इस विशेष कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में राउरकेला इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के डॉ. करुणाकर पात्रा उपस्थित हुए, जिन्होंने 'परिवर्तनकारी शिक्षण' विषय पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने शिक्षकों को आधुनिक समय में शिक्षण के विभिन्न आयामों से अवगत कराते हुए इसे प्रभावी बनाने के गुर सिखाए।कार्यक्रम के दौरान कॉलेज की प्राचार्या डॉ. जूही समर्पिता ने अपने स्वागत संबोधन में शिक्षा की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जब एक शिक्षक निरंतर सीखता है, तभी शिक्षा जीवंत बनी रहती है और समाज प्रगति के पथ पर अग्रसर हो...