कानपुर, जनवरी 7 -- कानपुर। दार उल तालीम वल सनात (डीटीएस), जाजमऊ मदरसा में मौलाना सैय्यद बिलाल अब्दुल हसनी नदवी ने दस्तारबंदी (दीक्षांत) पर बच्चों के पगड़ी बांधी। इस मौके पर 52 हाफिजों (पूरा कुरआन कंठस्थ करने वाले) को दुआओं से नवाज़ा गया और उनके अच्छे भविष्य के लिए दुआ की गई। मौलाना नदवी ने कहा कि इस्लाम धर्म पूरी इंसानियत की गाइडेंस, भलाई और मुक्ति के लिए उतारा गया। उन्होंने स्टूडेंट्स को इस्लाम के मूल्यों और शरीयत के महत्व के बारे में बताया। यहां हाफिज अब्दुल कुद्दुस हादी, मौलाना अमीनुल हक अब्दुल्ला कासिमी, हाजी मोहम्मद अहमद, हाजी रिज़वान उल्लाह और प्रिंसिपल मोहम्मद नासिर खान मौजूद थे।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...