उरई, फरवरी 26 -- जालौन। भूमि संरक्षण विभाग में उजागर हुई धांधली के बाद प्रशासन चौकन्ना हो गया है। इससे सबक लेते हुए सभी विभागाध्यक्षों और आहरण-वितरण अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि चिकित्सा प्रतिपूर्ति से संबंधित दावों की गहन जांच के निर्देश दिए गए हैं।डीएम राजेश कुमार पाण्डेय द्वारा जारी किए गए निर्देश में कहा गया है कि संज्ञान में आया है कि कुछ कर्मचारियों द्वारा चिकित्सा प्रतिपूर्ति मद से गलत आहरण कर सरकारी धनराशि प्राप्त की जा रही है, जो गंभीर वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है। ऐसे मामलों को रोकने के लिए संबंधित विभाग पहले यह सुनिश्चित करें कि प्रस्तुत बिलों का ढंग से परीक्षण कराया गया है या नहीं। परीक्षण के बाद ही भुगतान की कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही पूर्व में भुगतान किए गए चिकित्सा बिलों की भी जांच कर ली जाए जिससे यह सुनि...