मुजफ्फरपुर, मई 4 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। डिजिटल अरेस्ट करने वाले और विदेशी एजेंसियों को भारतीय नागरिकों की निजी जानकारी बेचने वाले साइबर फ्रॉड गिरोह के शातिर रुपये को क्रिप्टो करेंसी में ट्रांसफर करते रहे हैं। विदेशी शातिरों को भारतीय नागरिकों की निजी जानकारी बेचने वाले शातिरों से पूछताछ में भी इसका खुलासा हुआ है। इसके अलावा रिटायर्ड बैंक कर्मी महेश गामी व उसकी पत्नी को डिजिटल अरेस्ट कर 67 लाख रुपये ठगी के मामले में भाड़े पर खाता देने में पटना से गिरफ्तार प्रियरंजन शर्मा से पूछताछ में भी इसके तथ्य मिले हैं।

गिरफ्तारी और पूछताछ एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने बताया कि बांग्लादेश और अन्य देशों के शातिरों को निजी डेटा बेचने में गिरफ्तार ऋषभ कुमार, दीपक चौधरी, सुधांशु कुमार और साहिल कुमार से पूछताछ में क्रिप्टो करेंसी में लेन देने करन...