जमशेदपुर, मार्च 1 -- लोगों का अंधविश्वास दूर करने को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें जिले भर के बहुद्देशीय कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया गया। जिला कुष्ठ परामर्शी डॉ. राजीव लोचन महतो ने बताया कि संपत्ति विवाद, परिवारिक झगड़े या व्यक्तिगत दुश्मनी को सुलझाने के लिए भी डायन का आरोप लगाया जाता है। महिलाओं, विशेष रूप से विधवा या अकेली महिलाओं को निशाना बनाकर सामाजिक बहिष्कार या सम्पत्ति हड़पने के लिए डायन कहकर प्रताड़ित किया जाता है। स्थानीय परंपराओं और रीति-रिवाजों में जादू-टोना और डायन से संबंधित विश्वासों का गहरा प्रभाव है। हमलोगों के समाज में ओझा या तांत्रिकों द्वारा डायन के रूप में चिह्नित करना सामाजिक हिंसा को बढ़ावा देता है। सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने कहा कि डायन के नाम पर हिंसा सामाजिक कलंक है। इसके उन्मूलन में ग्रामीण और...