मुंगेर, दिसम्बर 17 -- मुंगेर, निज संवाददाता। बढ़ते ठंड के साथ लकवा, हार्ट अटैक व ब्रेन हेम्रेज के मरीजों की संख्या में इजाफा होने लगा है। मॉडल अस्पताल के आईसीयू वार्ड के आंकड़ों पर गौर करें तो दिसम्बर माह में 15 दिसम्बर तक स्ट्रोक के 32 मरीज इलाज के लिए भर्ती हो चुके हैं। इलाज के दौरान स्ट्रोक के 4 गंभीर मरीज की मौत भी हो चुकी है। विशेषज्ञ चिकित्सक बताते हैं कि ठंड के मौसम में वैसे मरीज जो हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज के शिकार हैं, उन्हें ठंड में स्ट्रोक आने का खतरा ज्यादा रहता है। खासकर वृद्ध और न्यू बार्न बेबी को ठंड में विशेष रूप से बचना चाहिए। चिकित्सा पदाधिकारी डाक्टर अनुराग कुमार के अनुसार ठंड में हाइपरटेंशन बढ़ने की संभावना अधिक होती है। बीपी बढ़ने पर हार्ट अटैक या स्ट्रोक आ सकता है। खासकर डायबिटिज के मरीजों को स्ट्रोक का ज्यादा खतरा रहता...