शामली, नवम्बर 30 -- जनपद में बढ़ती ठंड ने दस्तक दे दी है, लेकिन रैन बसेरों में अभी तक मूलभूत इंतज़ाम न होने से खुले में रात गुजारने वालों की परेशानी बढ़ गई है। नगर निकायों की लापरवाही के चलते बेघर और जरूरतमंद लोग ठिठुरन में मजबूरन खुले आसमान के नीचे रातें बिताने को विवश हैं। नवंबर माह शुरू होने के साथ ही ठंड ने अपनी दस्तक दे दी थी। अब नवंबर माह समाप्ति की ओर है, लेकिन जिलेभर की नगर निकायों में अभी तक रैन बसेरों की व्यावस्था नही की गई। नगर निकाय ही नहीं, प्रशासन भी अभी तक सक्रिय नजर नहीं आ रहा। ठंड बढ़ जाने के बावजूद रैन बसेरों को व्यवस्थित करने या अस्थाई रैन बसेरे स्थापित करने को लेकर कोई दिशा-निर्देश जारी नहीं किए गए। इसके साथ ही तहसील, ब्लॉक और नगर निकाय स्तर पर कंबल वितरण अभियान भी शुरू नहीं हो सका, जबकि हर साल नवंबर के अंतिम सप्ताह तक जरू...
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