फिरोजाबाद, अगस्त 4 -- मेडिकल कॉलेज के ट्रामा सेंटर में विभागीय अधिकारी भले ही व्यवस्थाएं बेहतर करने के दावे कर रहे हों लेकिन कर्मचारियों की उदासीनता के चलते मरीज और तीमारदारों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मंगलवार दोपहर उस समय देखने को मिला जब एक सड़क हादसे में घायल महिला को न तो स्ट्रेचर मिला और न ही व्हीलचेयर का सहारा मिल सका। वह जमीन पर हाथों के सहारे खिसकते हुए अस्पताल के अंदर से आती हुई दिखाई दी। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद ट्रॉमा सेंटर की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि गेट पर स्ट्रेचर और व्हीलचेयर सिर्फ देखने के लिए रखे रहते हैं। यदि कोई बड़ा हादसा हो जाए तो ही कर्मचारी घायलों को स्ट्रेचर और व्हीलचेयर पर ले जाते हैं, अन्यथा तीमारदारों को स्वयं ही खींचने पड़ते हैं। सीएमएस डॉ. नवीन जैन का ...