नई दिल्ली, अप्रैल 3 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्यापार नीति में फेरबदल करते हुए विदेशी ब्रांडेड दवाओं पर 100 फीसदी तक का टैरिफ लगाने का आदेश दिया है। अमेरिका ने पेटेंटेड दवाओं पर 100 फीसदी टैरिफ की घोषणा कर फार्मा कंपनियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। इस फैसले के पीछे अहम उद्देश्य विदेशी कंपनियां अमेरिका में दवाओं की कीमत कम करें और अमेरिका में ही दवाओं का उत्पादन करें। भारत के लिहाज से इस फैसले का मिलाजुला माना जा रहा है। भारत के पांच से सात बड़ी कंपनियां अमेरिका में फार्मा क्षेत्र में बड़ा कारोबार करती हैं। इनमें सन फार्मा, डॉ. रेड्डी, ल्यूपिन और बायोकॉन जैसे कंपनियां शामिल हैं। इन कंपनियों के कुल कारोबार का मोटा हिस्सा अमेरिका बाजार से आता है। अनुमान है कि करीब 30-50 फीसदी तक अकेले अमेरिकी बाजार से ...
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