देहरादून, फरवरी 23 -- आरएसएस के शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों में शामिल होने पहुंचे सर संघचालक मोहन भागवत ने रविवार को गढ़ी कैंट से राष्ट्र की मजबूती और सामाजिक ढांचे पर एक बड़ा विजन साझा किया। भागवत ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि भारत को इतना सशक्त होना होगा कि कोई हमें टैरिफ का डर न दिखा सके, क्योंकि दुनिया सत्य को नहीं शक्ति को पूजती है। उन्होंने जनसंख्या संतुलन के लिए 'तीन बच्चों' के फॉर्मूले को सुरक्षित बताया। आरक्षण को तब तक जरूरी बताया, जब तक समाज से भेदभाव पूरी तरह खत्म नहीं हो जाता। मैकाले की शिक्षा पद्धति को बदलने की बात की और एक बार फिर सभी भारतीयों का एक डीएनए होने का तर्क दिया। उन्होंने साफ किया कि संघ सत्ता नहीं चाहता और न ही वह भाजपा को नियंत्रित करता है। मोहन भागवत ने कहा कि राष्ट्र को इतना मजबूत बनाया जाए कि कोई भी हमें टैरिफ ...