किशनगंज, जुलाई 29 -- किशनगंज। निज संवाददाता बच्चों में जन्मजात शारीरिक विकृतियों की समय पर पहचान कर उनका समुचित उपचार सुनिश्चित करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत जिले में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के माध्यम से क्लबफुट से पीड़ित राफिया नाज़ को बेहतर उपचार के लिए सदर अस्पताल किशनगंज से जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (जेएलएनएमसीएच), भागलपुर के लिए रवाना किया गया। स्वास्थ्य विभाग की पहल से राफिया को विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।क्लबफुट बच्चों में जन्म के समय पाई जाने वाली ऐसी स्थिति है, जिसमें बच्चे का पैर सामान्य स्थिति में न होकर अंदर या नीचे की ओर मुड़ा हुआ दिखाई देता है। समय रहते इसकी पहचान और उपचार नहीं होने पर आगे चलकर बच्च...