लखनऊ, अप्रैल 18 -- लखनऊ, वरिष्ठ संवाददाता। केजीएमयू के दंत संकाय में टेढ़े-मेढ़े दांतों का और सटीक इलाज मिल सकेगा। ऑर्थोडोंटिक्स एंड डेंटोफेशियल ऑर्थोपेडिक्स विभाग में अब टेढ़े-मेढ़े दांतों के इलाज के लिए आधुनिक एलाइनर तकनीक शुरू की जाएगी। मरीजों को यह सुविधा करीब 50 प्रतिशत कम लागत पर मिल सकेगी।डीन डॉ. जीके सिंह ने बताया कि अब तक दांतों के टेढ़ेपन का इलाज रिमूवेबल, फंक्शनल और फिक्स्ड एप्लायंस के जरिए किया जाता रहा है। फिक्स्ड एप्लायंस में मेटल या पोर्सिलेन ब्रेसेस को दांतों पर चिपकाकर वायर के माध्यम से धीरे-धीरे दांतों को सही स्थिति में लाया जाता है। इसमें मरीजों को दर्द कम होता है। निजी अस्पतालों में इसकी कीमत 2.5 लाख से पांच लाख रुपये तक होती है। केजीएमयू में यह सुविधा आउटसोर्सिंग के माध्यम से शुरू होने से बड़ी राहत मिलेगी।
हिंदी हिन्...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.