जमशेदपुर, मार्च 22 -- टाटा स्टील ने विश्व जल दिवस की पूर्व संध्या पर शनिवार को जल संरक्षण के क्षेत्र में की गई गतिविधियों को साझा किया। कंपनी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र के नेतृत्व में मनाया जाने वाला यह दिवस उन 21 लाख लोगों की सहायता की तत्काल आवश्यकता पर प्रकाश डालता है, जिन्हें अभी भी सुरक्षित पेयजल तक पहुंच नहीं है। इस्पात उद्योग में जल उत्पादन का प्रमुख घटक है। इसलिए जिम्मेदार जल प्रबंधन कंपनी के पर्यावरण, सामाजिक और शासन ढांचे का महत्वपूर्ण हिस्सा है। टाटा स्टील ने सभी परिचालनों में विशिष्ट ताजे पानी की खपत कम करने के लिए स्पष्ट रोडमैप तैयार किया है। कंपनी का लक्ष्य वित्त वर्ष 2025 में 3.49 घन मीटर प्रति टीसीएस की खपत को वित्त वर्ष 2030 तक घटाकर 1.5 घन मीटर प्रति टीसीएस करना है। वित्त वर्ष 2026-27 तक भारत के सभी इस्पात उत्पादन स्थलों ...