रांची, अगस्त 5 -- झारखंड में Special Intensive Revision (SIR) के बाद चुनाव आयोग ने बुधवार को मतदाता सूची का ड्राफ्ट पब्लिश कर दिया है। राज्य की वोटर लिस्ट से 43.61 लाख वोटरों के नाम हटा दिए गए हैं। हालांकि, पहली नजर में यह संख्या चौंकाने वाली लग सकती है, लेकिन चुनाव आयोग के आंकड़े बताते हैं कि इसके पीछे कई अलग-अलग कारण रहे। अब आपके मन में सवाल आ रहा होगा, आखिर क्या कारण हैं? जानिए हर जरूरी बात लाइव हिन्दुस्तान के साथ।कितने मतदाता थे और अब कितने रह गए? झारखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के. रवि कुमार के मुताबिक, SIR शुरू होने से पहले राज्य में 2,64,63,236 (करीब 2.64 करोड़) मतदाता पंजीकृत थे। 30 जून से 29 जुलाई तक चले SIR अभियान के बाद पब्लिश हुई ड्राफ्ट मतदाता सूची में 2,21,01,249 (करीब 2.21 करोड़) मतदाता शामिल हैं। इस दौरान 83.51 फीसद...