रामपुर, अगस्त 2 -- रामपुर। धोखाधड़ी में जेल में बंद सपा के राष्ट्रीय महासचिव मोहम्मद आजम खां के साथ-साथ अब उनके करीबियों पर भी शिकंजा कसना शुरू हो गया है। जौहर विश्वविद्यालय के लिए जौहर ट्रस्ट को मोटा चंदा देने वाले अब आईटी के साथ ही ईडी के भी रडार पर हैं। इनमें कई बड़े ठेकेदारा, कुछ सफेदपोश, बिजनेसमैन से लेकर अफसर हैं। पूर्व में ईडी ऐसे 20 लोगों को नोटिस जारी कर पूछताछ भी कर चुकी है। मालूम हो कि 2019-20 में भाजपा नेता आकाश सक्सेना की शिकायत पर शुरू हुई जांच के बाद ईडी ने आजम के खिलाफ मनी लॉंड्रिंग का केस लखनऊ में दर्ज किया था। आरोप था कि आजम खां ने 2012 में सपा की सरकार बनने के बाद 560 एकड़ भूमि में जौहर विश्वविद्यालय का निर्माण कार्य शुरू करवाया गया। इसमें नियमों और कानून को ताक पर रखकर बहुत बड़ी मात्रा में सरकारी धन का दुरुपयोग और सरकारी ज...