रांची, मार्च 25 -- अनगड़ा,प्रतिनिधि। श्रीराम मंदिर परिसर जोन्हा में बुधवार को आयोजित प्रभु श्रीराम और माता सीता के विवाह का प्रसंग उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विंध्याचल से पधारे कथा व्यास आचार्य धर्मराज शास्त्री ने जनकपुर प्रसंग का सजीव वर्णन किया। जैसे ही प्रभु श्रीराम के शिव धनुष खंडन और उसके पश्चात राम-सीता विवाह का प्रसंग सुनाया गया, पूरा कथा पंडाल 'जय श्रीराम' के जयघोष से गूंज उठा। विवाह प्रसंग के दौरान श्रीराम और माता सीता की अत्यंत मनमोहक झांकी निकाली गई। सुंदर वेशभूषा में सजे प्रभु के स्वरूपों के दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर हुए। पंडाल में मौजूद महिलाएं और भक्त मंगलगीतों पर झूमने लगे और पूरा जोन्हा क्षेत्र राममय हो गया। आचार्य जी ने कहा कि राम-सीता का विवाह केवल दो आत्माओं का मिलन नहीं, बल्कि धर्म और शक्ति के समन्वय का प्रत...