जैविक खाद के दीर्घकालिक लाभ बताए
वाराणसी, मई 20 -- वाराणसी, कार्यालय संवाददाता। विज्ञान आधारित पोषक तत्व प्रबंधन एवं संतुलित उर्वरक उपयोग जागरूकता अभियान के तहत बुधवार को बच्छांव में प्रशिक्षण सह जागरूकता कार्यक्रम हुआ। भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान (आईआईवीआर) की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में डॉ. विकास सिंह ने जैविक खाद के उपयोग और उसके दीर्घकालिक लाभों के बारे में जानकारी दी।डॉ. राकेश दुबे ने किसानों को जैव उर्वरकों और जैव नियंत्रकों के उपयोग के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि ये तकनीकें फसलों को रोगों से बचाने और उत्पादन बढ़ाने में सहायक हैं। डॉ. मोहम्मद शाहिद ने मृदा परीक्षण आधारित उर्वरक प्रयोग, समेकित पोषक तत्व प्रबंधन, जैविक और रासायनिक उर्वरकों के संतुलित उपयोग तथा सूक्ष्म पोषक तत्वों के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। यह भी पढ़ें- संतुलित मात्रा में करें ...
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