रामपुर, मई 29 -- शिक्षा विभाग के कार्यालय के भवन को सपा कार्यालय के लिए आवंटित कराने के मामले में जेल में बंद सपा के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। करीब 25 साल बाद मुरादाबाद की एंटी करप्शन कोर्ट ने वादी को इस मामले में तलब किया है। मालूम हो कि वर्ष 2000 में सिविल लाइंस कोतवाली में आजम खां समेत तत्कालीन सिटी मजिस्ट्रेट केके चौधरी और तत्कालीन किराया नियंत्रण निरीक्षक जमाल अख्तर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि आवंटन के समय तत्कालीन कैबिनेट मंत्री आजम खां ने अधिकारियों से साठगांठ कर अपने पद का दुरुपयोग करते हुए अवैधानिक तरीके से भवन को आवंटित करा लिया है। उन्होंने अनुचित लाभ लिया है। यह रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान बरेली में तैनात निरीक्षक सुरेशवीर सिंह की ओर से दर्ज कराई गई थी। हालांक...