बांदा, अप्रैल 14 -- बांदा। जिला पंचायत राज अधिकारी व उप निदेशक पंचायत कार्यालय में अधिकारियों तथा कर्मचारियों के बीच रार बढ़ती जा रही है। संयुक्त निदेशक की जांच में उप निदेशक वित्तीय अनियमितता के दोषी पाए गए हैं। सरकारी आवास लेने के बाद भी किराया भत्ता ले रहे हैं। इसके अलावा कई अन्य बिंदुओं पर भी उन्होंने जांच कर आख्या भेजी है। अधिकारियों ने जांच में डीडी द्वारा सहयोग न करने की बात भी कही गई है। अब उनके खिलाफ कार्रवाई को लेकर गेंद शासन के पाले में है। रायबरेली जनपदद के ग्राम गुरदी का पुरवा (लालगंज) निवासी योगेंद्र प्रताप सिंह ने 12 नवंबर 2025 को विधान परिषद सचिवालय के विशेष सचिव को पत्र भेजकर शिकायत की थी। यह भी पढ़ें- दोषी सचिव के खिलाफ विभागीय कार्रवाई नहीं कर रहा विभाग उन्होंने डीडी पंचायत परवेज आलम खां पर कर्मचारियों से व्यक्तिगत कार्...