भदोही, जनवरी 29 -- सीतामढ़ी, हिन्दुस्तान संवाद।डीघ ब्लाक क्षेत्र के बारीपुर गांव में श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन चल रहा है। चौथे दिन बुधवार को भक्तिभाव और श्रद्धा का अद्भुत संगम देखने को मिला। आचार्य बृजभूषण पांडेय ने समुद्र मंथन, राम कथा तथा भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का अत्यंत भावुक और विस्तारपूर्वक वर्णन किया। बताया कि देवताओं और असुरों के बीच हुआ यह मंथन धैर्य, परिश्रम और विश्वास का प्रतीक है। जीवन में अमृत पाने के लिए विष का सामना भी करना पड़ता है और भगवान शिव ने हलाहल विष पीकर संपूर्ण सृष्टि की रक्षा की। इसके बाद राम कथा के प्रसंग में उन्होंने मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सत्य, त्याग और कर्तव्य ही मानव जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। अंत में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का प्रसंग सुनते ही पंडाल "नंद ...