सीवान, जनवरी 27 -- जिले में कुल 17 गोदाम चयनित हैं। जिन्हें संभालने के लिए तीन एजीएम और मात्र एक फोर-जी कर्मी तैनात है। फोटो अपलोड करने का अधिकार और जिम्मेदारी इसी एक कर्मी के पास है। नतीजा यह है कि एक दिन में केवल एक ही गोदाम पर चावल उतर पा रहा है। जबकि बाकी 16 गोदामों पर सन्नाटा पसरा रहता है या गाड़ियां इंतजार में खड़ी रहती हैं। इसको लेकर निगम को पहले ही मिलरों के ग्रुप में यह साझा करना चाहिए कि किस दिन कौन सा गोदाम खुलेगा। ताकि मिलर उसी के अनुसार वाहन भेजें और सड़कों पर गाड़ियों की कतार न लगे। यदि समय रहते इन तकनीकी और प्रशासनिक बाधाओं को दूर नहीं किया गया, तो जिले में चावल आपूर्ति का लक्ष्य हासिल करना मुश्किल होगा। विभाग को पारदर्शिता और कार्यक्षमता के बीच संतुलन बनाने की तत्काल आवश्यकता है।

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